महर्षि विद्या मंदिर में शक्ति उपासना के रंग में रंगा दशहरा उत्सव, विद्यार्थियों ने प्रस्तुत की मां दुर्गा के दिव्य स्वरूपों की झलक
नवरात्रि की भक्ति और दशहरे के सांस्कृतिक संदेश से गूंजा विद्यालय परिसर, विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों ने मोहा मन
प्रदीप मिश्रा, प्रमुख संवाददाता

Gonda News
गोण्डा। महर्षि विद्या मंदिर इंटर कॉलेज, गोण्डा में नवरात्रि एवं दशहरा उत्सव श्रद्धा, उल्लास और आध्यात्मिक वातावरण के बीच धूमधाम से मनाया गया। उत्सव में विद्यार्थियों ने मां दुर्गा के विभिन्न शक्ति स्वरूपों और उनकी महिमा को आकर्षक प्रस्तुतियों के माध्यम से जीवंत कर दिया। भक्ति, संस्कृति और परंपराओं के संगम से सजे कार्यक्रम ने उपस्थित लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया। विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों में मां दुर्गा के शौर्य, साहस और शक्ति की झलक दिखाई दी, वहीं भारतीय संस्कृति की समृद्ध विरासत का संदेश भी मुखर हुआ।
कार्यक्रम में मां दुर्गा के विभिन्न स्वरूपों की मनोहारी झलक के माध्यम से शक्ति उपासना के महत्व को प्रस्तुत किया गया। विद्यार्थियों ने अपनी प्रतिभा और अभिव्यक्ति से यह संदेश दिया कि मां दुर्गा शक्ति, साहस, आत्मविश्वास और नारी सम्मान की प्रतीक हैं। नवरात्रि का पर्व जहां साधना, आत्मसंयम और सकारात्मकता की प्रेरणा देता है, वहीं दशहरा असत्य पर सत्य और अधर्म पर धर्म की विजय का प्रतीक है।
प्रस्तुतियों में दिखी धर्म और सत्य की विजय की झलक
दशहरा उत्सव के माध्यम से भगवान श्रीराम द्वारा रावण के वध और मां दुर्गा द्वारा महिषासुर के संहार से जुड़े प्रसंगों के धार्मिक एवं सांस्कृतिक महत्व को भी रेखांकित किया गया। इन प्रसंगों का संदेश है कि अहंकार, अन्याय और नकारात्मक शक्तियां कितनी भी प्रभावशाली क्यों न हों, अंततः सत्य, धर्म और सदाचार की ही विजय होती है। विद्यार्थियों की प्रस्तुतियों ने इस शाश्वत संदेश को प्रभावी ढंग से सामने रखा।
विद्यालय में ऐसे आयोजनों का उद्देश्य विद्यार्थियों को भारतीय संस्कृति, सनातन परंपराओं और धार्मिक मान्यताओं से परिचित कराने के साथ उनमें नैतिक मूल्यों, अनुशासन, आत्मविश्वास और सामाजिक सद्भाव की भावना विकसित करना है। सांस्कृतिक कार्यक्रम विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर देने के साथ उनके व्यक्तित्व विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
प्रधानाचार्य के मार्गदर्शन में शिक्षकों का रहा सहयोग
विद्यालय के प्रधानाचार्य विनय कुमार मिश्रा के मार्गदर्शन में आयोजित दशहरा उत्सव में श्रीमती लतिका पाठक, नलिनी बाजपेयी, ज्योति मिश्रा, पूजा पाठक और पूर्णिमा शुक्ला सहित विद्यालय के शिक्षकों एवं कर्मचारियों का सहयोग रहा। सभी के सामूहिक प्रयासों से कार्यक्रम में धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक चेतना और उत्सव का उल्लास देखने को मिला।
कार्यक्रम ने विद्यार्थियों को अपनी सांस्कृतिक जड़ों से जुड़ने और जीवन में सद्गुणों को अपनाने की प्रेरणा दी। उत्सव का संदेश रहा कि पर्वों की सार्थकता केवल परंपराओं के निर्वहन में नहीं, बल्कि उनके आदर्शों को अपने आचरण में उतारने में है। सत्य, मर्यादा, सदाचार और सकारात्मक सोच को अपनाकर ही एक बेहतर समाज का निर्माण किया जा सकता है।
