तंबाकू और नशे से दूर रहें युवा, मानसिक स्वास्थ्य का रखें विशेष ध्यान
विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस पर पीएम श्री फखरुद्दीन अली अहमद राजकीय इंटर कॉलेज में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित
विशेषज्ञों ने कार्यक्रम में अपनी अपनी रखी राय
प्रदीप मिश्रा, प्रमुख संवाददाता

Gonda News
गोण्डा। विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस के अवसर पर पीएम श्री फखरुद्दीन अली अहमद राजकीय इंटर कॉलेज, गोण्डा में 10 सितंबर को मानसिक स्वास्थ्य, तंबाकू एवं नशा विरोधी जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन प्रधानाचार्य डा. सुधीर कुमार पांडेय के नेतृत्व एवं संरक्षण में विद्यालय परिवार के सहयोग से किया गया।
कार्यक्रम में बाबू ईश्वर शरण चिकित्सालय संबद्ध स्वशासी राज्य मेडिकल कॉलेज, गोण्डा के मनोवैज्ञानिक कार्यकर्ता उमेश कुमार तथा साइक्रेटिक नर्सिंग ऑफिसर कमला मिश्रा ने राष्ट्रीय मानसिक स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत मानसिक रोगों, उनके प्रकार, लक्षण एवं उपचार के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी दी। इस दौरान मानसिक स्वास्थ्य के लिए सकारात्मक सोच, संयमित दिनचर्या, योग एवं व्यायाम, अच्छी संगत, समय प्रबंधन, परिश्रम और संतुलित एवं पौष्टिक आहार के महत्व पर भी प्रकाश डाला गया।
प्रधानाचार्य डा. सुधीर कुमार पांडेय ने कहा कि विद्यार्थियों के हित को ध्यान में रखते हुए विद्यालय में ‘तंबाकू मुक्त युवा अभियान’ को प्रभावी ढंग से संचालित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि तंबाकू निर्मित पदार्थों का सेवन स्वास्थ्य के साथ-साथ आर्थिक रूप से भी व्यक्ति और परिवार को नुकसान पहुंचाता है। उन्होंने सभी विद्यार्थियों एवं विद्यालय परिवार के सदस्यों से तंबाकू और नशे से पूरी तरह दूर रहने का आह्वान किया।
कार्यक्रम में बताया गया कि सिगरेट एवं अन्य तंबाकू उत्पाद अधिनियम-2003 (COTPA) के तहत विद्यालय परिसर को धूम्रपान मुक्त क्षेत्र बनाया गया है। विद्यालय परिसर में इसके प्रावधानों का कड़ाई से पालन करने और किसी भी प्रकार का उल्लंघन न करने पर जोर दिया गया।
राष्ट्रीय तंबाकू नियंत्रण कार्यक्रम के अंतर्गत सहायक अध्यापक एवं ईको क्लब के नोडल अधिकारी ऋषि कुमार शुक्ल, व्यावसायिक शिक्षक अभिराम वर्मा तथा पूर्व सहायक अध्यापक एवं अतिथि शिक्षक राज वर्धन श्रीवास्तव ने तंबाकू सेवन से होने वाले दुष्प्रभावों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि तंबाकू का सेवन कैंसर, हृदय रोग, मधुमेह, क्षय रोग, लकवा, दृष्टिहीनता, फेफड़ों एवं श्वसन संबंधी गंभीर बीमारियों का कारण बन सकता है। इसका मानसिक स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है।
कार्यक्रम में COTPA के विभिन्न प्रावधानों की भी जानकारी दी गई। सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान पर रोक, तंबाकू उत्पादों के विज्ञापन पर प्रतिबंध तथा 18 वर्ष से कम आयु के बच्चों को सिगरेट एवं अन्य तंबाकू उत्पादों की बिक्री पर रोक सहित संबंधित कानूनी प्रावधानों के बारे में विद्यार्थियों को बताया गया।
वक्ताओं ने कहा कि तंबाकू जनस्वास्थ्य के लिए गंभीर खतरा है। इसके सेवन से होने वाली बीमारियों के उपचार पर परिवारों को बड़ी धनराशि खर्च करनी पड़ती है। विशेष रूप से युवाओं को धूम्रपान एवं तंबाकू से बचाना जरूरी है। गर्भवती महिलाओं, बच्चों और धूम्रपान नहीं करने वाले लोगों को परोक्ष धूम्रपान से बचाने के लिए सार्वजनिक स्थानों को धूम्रपान मुक्त रखना आवश्यक है।
इस अवसर पर रसायन विज्ञान की प्रवक्ता शालिनी मिश्रा, सहायक अध्यापक ऋषि कुमार शुक्ल, व्यावसायिक शिक्षा के सीमाब अहमद, पीटीए शिक्षक महेश यादव, व्यावसायिक शिक्षक अभिराम वर्मा तथा पूर्व सहायक अध्यापक एवं अतिथि शिक्षक राज वर्धन श्रीवास्तव सहित विद्यालय परिवार के सदस्यों की सक्रिय सहभागिता रही।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों एवं विद्यालय परिवार को तंबाकू उत्पादों का सेवन न करने की शपथ दिलाई गई। साथ ही स्वच्छता, शारीरिक एवं मानसिक स्वास्थ्य, संतुलित आहार, नशामुक्त जीवन, पर्यावरण संरक्षण, वैज्ञानिक दृष्टिकोण, मानव एवं संवैधानिक मूल्यों, मूल अधिकारों एवं कर्तव्यों तथा जिम्मेदार नागरिक बनने के संबंध में भी जागरूक किया गया।
कार्यक्रम में विधिक सेवा कार्यक्रम, विधिक जागरूकता, कानूनी सहायता, सरल कानून माला, लोक अदालत और राष्ट्रीय लोक अदालत से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां भी प्रदान की गईं। आयोजन में विद्यालय परिवार के सहयोग और सहभागिता की सराहना की गई।

प्रदीप मिश्रा, प्रमुख प्रमुख संवाददाता 9415120996