श्रीराम कथा में उमड़ रहा है आस्था का सैलाब, राममय हुआ पूरा क्षेत्र, गणमान्य लोगों का लग रहा है तांता
प्रदीप मिश्रा, प्रमुख संवाददाता

Gonda News
गोंडा। कौड़िया क्षेत्र के सम्मय माता मंदिर पैड़ीबरा में चल रही नौ दिवसीय संगीतमय श्रीराम कथा में चौथे दिन श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक उल्लास का अद्भुत वातावरण देखने को मिला। कथा स्थल पर सुबह से ही श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ने लगी और शाम तक पूरा परिसर जय श्रीराम के उद्घोष से गूंजता रहा। बड़ी संख्या में महिला श्रद्धालुओं सहित आसपास के गांवों से पहुंचे भक्तों ने कथा का रसपान कर धर्म और अध्यात्म का संदेश ग्रहण किया।
- कथा व्यास राजन महाराज ने अपने ओजस्वी प्रवचन में कहा कि बिना भक्ति के भगवान की प्राप्ति संभव नहीं है। मनुष्य जब अपने जीवन में धर्म, सदाचार और सच्ची श्रद्धा को अपनाता है, तभी उसके जीवन में ईश्वर का प्रकाश होता है। उन्होंने कहा कि भक्ति वह शक्ति है, जो मनुष्य को मोह, लोभ और अहंकार से दूर कर ईश्वर के निकट ले जाती है। जिस व्यक्ति के भीतर सच्ची भक्ति जागृत हो जाती है, उसके जीवन में किसी प्रकार की कमी नहीं रहती।
उन्होंने कहा कि श्रीराम कथा केवल कथा नहीं, बल्कि जीवन को नई दिशा देने वाली आध्यात्मिक धारा है। भगवान श्रीराम का चरित्र त्याग, मर्यादा, सेवा और सत्य का प्रतीक है। यदि व्यक्ति उनके आदर्शों को अपने जीवन में उतार ले, तो समाज और परिवार दोनों में सुख-शांति स्थापित हो सकती है। कथा मनुष्य के भीतर छिपे विकारों को समाप्त कर उसे मानवता और धर्म के मार्ग पर आगे बढ़ाती है।
राजन महाराज ने कहा कि भगवान किसी एक स्थान विशेष में नहीं, बल्कि कण-कण में विद्यमान हैं। आवश्यकता केवल निर्मल मन और सच्ची श्रद्धा की है। उन्होंने श्रद्धालुओं से प्रेम, सेवा, करुणा और सदाचार को अपनाने का आह्वान करते हुए कहा कि धर्म का वास्तविक स्वरूप मानवता की सेवा में ही निहित है।
कथा के दौरान श्रद्धालु भक्ति में भावविभोर नजर आए। महिलाओं ने भजन और जयकारों के साथ वातावरण को भक्तिमय बना दिया। पूरा मंदिर परिसर दीपों की रोशनी और धार्मिक उत्साह से जगमगा उठा। श्रद्धालुओं ने कथा श्रवण के बाद भगवान श्रीराम और हनुमानजी की आरती में भाग लेकर सुख-समृद्धि की कामना की।
इस अवसर पर भाजपा नेता महेश नारायण तिवारी ने भी कथा में पहुंचकर आशीर्वाद प्राप्त किया। वे ब्लॉक प्रमुख भवानी भीख शुक्ल के साथ राम दरबार की आरती में शामिल हुए और कथा आयोजन की सराहना की। उन्होंने कहा कि ऐसे धार्मिक आयोजन समाज में संस्कार, सद्भाव और आध्यात्मिक चेतना को मजबूत करने का कार्य करते हैं।
कार्यक्रम में ग्राम प्रधान प्रतिनिधि विपिन बिहारी तिवारी, शिवदयाल शुक्ल, कप्तान शुक्ल, शिव भगवान शुक्ल, रजनीकांत तिवारी, विष्णु भगवान शुक्ल सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। आयोजन समिति द्वारा श्रद्धालुओं के लिए समुचित व्यवस्थाएं की गई थीं।
