एसबीआई जनरल की व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा योजना से मृतक की पत्नी को मिली आर्थिक संबल
प्रदीप मिश्रा, चीफ रिपोर्टर
Gonda News
गोंडा। भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) की व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा योजना एक परिवार के लिए संकट की घड़ी में बड़ा सहारा साबित हुई। मात्र ₹2000 वार्षिक प्रीमियम पर लिए गए दुर्घटना बीमा के तहत मृतक खाताधारक के परिवार को ₹40 लाख की बीमा राशि प्रदान की गई।
एसबीआई की कृषि विकास शाखा, गोंडा के शाखा प्रबंधक विकास यादव ने बताया कि खाताधारक मोहम्मद फैज ने 28 मई 2025 को बैंक में अपना खाता खुलवाया था। खाता खुलवाने के साथ ही उन्होंने एसबीआई जनरल इंश्योरेंस की व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा योजना भी ली थी, जिसके लिए उन्होंने मात्र ₹2000 का वार्षिक प्रीमियम जमा किया था।
उन्होंने बताया कि खाता खुलने के लगभग दो माह बाद 11 जुलाई 2025 को उन्नाव जनपद में एक ट्रक से हुई सड़क दुर्घटना में मोहम्मद फैज की मृत्यु हो गई। घटना के बाद उनकी पत्नी एवं नामित वारिस सीबा बानो ने बीमा दावा प्रस्तुत किया। आवश्यक दस्तावेजों की जांच और प्रक्रिया पूरी होने के बाद बीमा कंपनी ने दावा स्वीकार करते हुए ₹40 लाख की बीमा राशि स्वीकृत की।
गुरुवार को एसबीआई के क्षेत्रीय प्रबंधक जय प्रकाश ओझा ने सीबा बानो को ₹40 लाख का चेक प्रदान किया। इस अवसर पर बैंक अधिकारियों ने कहा कि बीमा योजनाएं विपरीत परिस्थितियों में परिवारों को आर्थिक सुरक्षा प्रदान करने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं।
कार्यक्रम में मुख्य प्रबंधक आलोक कुमार श्रीवास्तव, एसबीआई जनरल इंश्योरेंस के प्रतिनिधि मंजीत पाल, आकाश कुमार, मोहम्मद गुफरान, गजेंद्र प्रताप सहित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
बीमा योजनाओं के प्रति जागरूक होने की जरूरत
बैंक अधिकारियों ने बताया कि एसबीआई के माध्यम से विभिन्न सरकारी एवं गैर-सरकारी बीमा योजनाएं संचालित की जाती हैं, जिनका उद्देश्य आम लोगों को कम प्रीमियम में अधिक सुरक्षा उपलब्ध कराना है। उन्होंने ग्राहकों से अपील की कि वे बैंकिंग सेवाओं के साथ उपलब्ध बीमा योजनाओं की जानकारी प्राप्त करें और अपने परिवार की आर्थिक सुरक्षा सुनिश्चित करें।
इस अवसर पर मौजूद लोगों ने कहा कि मोहम्मद फैज के परिवार को समय पर मिली बीमा सहायता से यह साबित हुआ है कि दुर्घटना बीमा योजनाएं जरूरत पड़ने पर परिवारों के लिए मजबूत आर्थिक सहारा बन सकती हैं।