विकास के दावों के बीच जलभराव से जूझ रही कॉलोनी, सड़क बनी तालाब; शिकायत पर कार्रवाई नहीं, विरोध करने पर मिली धमकी
प्रदीप मिश्रा, वरिष्ठ संवाददाता

Gonda News
गोंडा। शहर के वार्ड संख्या 14 में बर्फ मिल के निकट स्थित एक आवासीय कॉलोनी में बुनियादी सुविधाओं का अभाव लोगों के लिए गंभीर समस्या बन गया है। कॉलोनी की मुख्य सड़क लंबे समय से जलभराव की चपेट में है, जिससे पूरी गली तालाब जैसी नजर आ रही है। गंदे पानी और कूड़े के कारण यहां रहने वाले परिवारों का जीवन दूभर हो गया है और संक्रामक बीमारियों का खतरा लगातार बढ़ रहा है।
स्थानीय निवासी अजय कुमार गुप्ता व अन्य कॉलोनीवासियों ने बताया कि करीब पांच-छह वर्ष पहले उन्होंने संजय गोयल से प्लॉट खरीदा था। उस समय कॉलोनी को विकसित बताते हुए सड़क, नाली, बिजली और जल निकासी जैसी सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया गया था। लेकिन वर्षों बीत जाने के बाद भी इन सुविधाओं का कोई अता-पता नहीं है।
वर्तमान स्थिति यह है कि सड़क पर गंदा पानी जमा रहता है, जिससे लोगों का घर से निकलना तक मुश्किल हो गया है। बच्चों को स्कूल जाने में दिक्कत होती है, वहीं बुजुर्गों और महिलाओं के लिए हालात और भी खराब हैं। जलभराव के कारण मच्छरों का प्रकोप बढ़ गया है, जिससे डेंगू, मलेरिया जैसी बीमारियों की आशंका बनी हुई है।
पीड़ितों का आरोप है कि जब उन्होंने इस समस्या को लेकर संबंधित व्यक्ति से शिकायत की, तो उन्हें न केवल अपशब्द कहे गए बल्कि जान से मारने की धमकी भी दी गई। स्थिति इतनी बिगड़ गई कि मारपीट की नौबत आ गई और लोगों को अपनी जान बचाकर वहां से निकलना पड़ा।
कॉलोनीवासियों ने 13 मार्च 2026 को इस पूरे प्रकरण की शिकायत पुलिस चौकी बड़गांव में दर्ज कराई, लेकिन अब तक कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की गई है। आरोप है कि शिकायतकर्ताओं को ही समझाकर वापस भेज दिया गया, जिससे लोगों में नाराजगी और असुरक्षा की भावना बढ़ गई है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि जल्द ही जल निकासी और सड़क निर्माण की व्यवस्था नहीं की गई, तो स्थिति और भी भयावह हो सकती है। उन्होंने जिला प्रशासन से मामले को गंभीरता से लेते हुए दोषियों के खिलाफ कार्रवाई और कॉलोनी में बुनियादी सुविधाएं सुनिश्चित कराने की मांग की है।