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अमृत कुंभ सम्मान 2025: डॉ. स्नेहलता शुक्ला सम्मानित, साहित्य साधना को मिला राष्ट्रीय गौरव
प्रदीप मिश्रा, प्रमुख संवाददाता

Central News Desk :

नई दिल्ली। हिंदी भाषा एवं साहित्य के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाली डॉ. स्नेहलता शुक्ला को “अमृत कुंभ सम्मान 2025” से सम्मानित किया गया। यह सम्मान हिंदी ओलंपियाड फाउंडेशन द्वारा आज़ादी के अमृत महोत्सव के उपलक्ष्य में आयोजित एक गरिमामयी समारोह में प्रदान किया गया।
कार्यक्रम का आयोजन नई दिल्ली स्थित इंडिया इंटरनेशनल सेंटर के सी.डी. देशमुख ऑडिटोरियम में रविवार को प्रातः 9:30 बजे से दोपहर 1:00 बजे तक हुआ। इस अवसर पर देशभर से आए साहित्यकारों, शिक्षाविदों एवं हिंदी प्रेमियों की उपस्थिति ने समारोह को विशेष गरिमा प्रदान की।
समारोह में डॉ. स्नेहलता शुक्ला की स्वरचित रचना का चयन “अमृत कुंभ सम्मान 2025” के लिए किया गया, जिसके लिए उन्हें मंच पर विधिवत सम्मानित किया गया। उनकी साहित्यिक प्रतिभा, भाषा के प्रति समर्पण एवं सृजनशीलता की सराहना करते हुए आयोजकों ने उन्हें हिंदी जगत की प्रेरणास्रोत बताया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में लद्दाख के उपराज्यपाल श्री कविंदर गुप्ता एवं नीति आयोग के माननीय सदस्य डॉ. विजय कुमार सारस्वत उपस्थित रहे। दोनों अतिथियों ने हिंदी भाषा के संवर्धन एवं साहित्यकारों के योगदान को रेखांकित करते हुए कहा कि हिंदी हमारी सांस्कृतिक पहचान का सशक्त माध्यम है और इस प्रकार के आयोजन भाषा के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
सम्मान प्राप्त करने के उपरांत डॉ. स्नेहलता शुक्ला ने हिंदी ओलंपियाड फाउंडेशन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह सम्मान उनके लिए प्रेरणा का स्रोत है और भविष्य में भी वे हिंदी साहित्य की सेवा के लिए निरंतर कार्य करती रहेंगी।
इस अवसर पर आयोजकों ने बताया कि “अमृत कुंभ सम्मान” का उद्देश्य हिंदी भाषा एवं साहित्य को नई दिशा देना तथा उभरते और स्थापित रचनाकारों को प्रोत्साहित करना है। कार्यक्रम के अंत में सभी प्रतिभागियों को प्रमाण पत्र एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।

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